हथियाव कला, बड़डॉड़ बाजार, बनकटी, कुरियार और महदेवा बाजार में सुबह 6 बजे से हो रही खुलेआम बिक्री।
शराब ₹10 अधिक में बेची जा रही है, नियमों की उड़ रही धज्जियां।
आबकारी निरीक्षक से लेकर थानेदार तक सबकुछ जानते हुए भी मौन।
स्थानीय पुलिस चौकी इंचार्ज की भूमिका पर उठे सवाल।
प्रशासनिक लापरवाही से शराब माफिया के हौसले बुलंद।
आबकारी विभाग के अधिकारी दिखा रहे आँखें बंद, कार्रवाई जीरो।
जनता का आरोप – मोटी रकम लेकर चुप रहते हैं जिम्मेदार अफसर।
डीएम और एसपी से मांग – मौके पर भेजें जांच टीम।
नशे में डूब रही बस्ती की गलियां, युवा पीढ़ी हो रही बर्बाद।
अब सवाल ये – कब होगी सख्त कार्रवाई? और कौन है इस मिलीभगत का असली सरगना?
