कुंडा में पुलिस की प्राथमिकताओं पर उठे सवाल: एक ओर 90 वर्षीय राजा उदय प्रताप सिंह हाउस अरेस्ट, दूसरी ओर जमेठी में बुजुर्ग दंपति से मारपीट कर चोरी
प्रतापगढ़/कुंडा। कुंडा क्षेत्र में गुरुवार रात घटी एक दुस्साहसिक चोरी की घटना के बाद जिले की पुलिस की कार्यशैली और प्राथमिकताओं पर सवाल उठने लगे हैं। एक ओर प्रशासन ने 90 वर्षीय सनातनी नेता राजा उदय प्रताप सिंह को कानून-व्यवस्था बनाए रखने के मद्देनज़र उनके आवास पर नजरबंद (हाउस अरेस्ट) रखा, वहीं दूसरी ओर पास के गांव जमेठी में बेखौफ बदमाशों ने एक बुजुर्ग दंपति के घर में घुसकर मारपीट और चोरी की वारदात को अंजाम दे दिया।
जानकारी के अनुसार, गुरुवार देर रात बदमाश छत के रास्ते राम लाल केशरवानी के घर में दाखिल हुए। बदमाशों ने राम लाल और उनकी पत्नी सूर्यकली को बंधक बनाकर उनके साथ मारपीट की और घर में रखे कीमती सामान व नकदी लेकर फरार हो गए। घटना के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी।
इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में नाराजगी देखी जा रही है। लोगों का कहना है कि यदि पुलिस का ध्यान केवल वीआईपी ड्यूटी और नजरबंदी जैसे कार्यों तक सीमित न रहकर आम नागरिकों की सुरक्षा पर भी समान रूप से केंद्रित होता, तो शायद अपराधियों के हौसले इतने बुलंद न होते।
हालांकि, यह भी तथ्य है कि किसी व्यक्ति को हाउस अरेस्ट करने का निर्णय प्रशासन कानून-व्यवस्था बनाए रखने के आकलन के आधार पर लेता है। वहीं जमेठी की घटना ने ग्रामीण क्षेत्रों में रात्रिकालीन गश्त, अपराध नियंत्रण और पुलिस की सतर्कता पर गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए हैं।
फिलहाल पुलिस ने घटना के खुलासे और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमों का गठन कर जांच शुरू कर दी है। अब क्षेत्र की जनता की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि पुलिस इस सनसनीखेज चोरी का खुलासा कितनी शीघ्रता से कर अपराधियों को कानून के कटघरे तक पहुंचा पाती है।
प्रतापगढ़ मानिकपुर से राकेश कुमार धुरिया कि रिपोर्ट
