राष्ट्रीय फाइलेरिया नियंत्रण इकाई के तहत निःशुल्क हाइड्रोसील ऑपरेशन शिविर का हुआ आयोजन

0
55


चार मरीजों को मिला निःशुल्क हाइड्रोसील ऑपरेशन का लाभ

गोंडा, 04 मार्च 2022 ||
राष्ट्रीय वेक्टर जनित नियंत्रण कार्यक्रम के तहत फाइलेरिया नियंत्रण इकाई की ओर से शुक्रवार को बाबू ईश्वर शरण जिला चिकित्सालय में निःशुल्क हाइड्रोसील ऑपरेशन शिविर का आयोजन किया गया | इस मौके पर अस्पताल के सर्जन डॉ सुधीर कुमार मौर्या द्वारा चार मरीजों के हाइड्रोसील का ऑपरेशन किया गया | साथ ही मरीजों को साफ़-सफाई रखने और अपने पास-पड़ोस में हाथीपाँव रोग से ग्रसित लोगों को विभाग द्वारा प्रदान की जा रही निःशुल्क जाँच एवं इलाज के बारे में जानकारी देने हेतु जागरुक किया गया |
फाइलेरिया नियंत्रण कार्यक्रम के नोडल अधिकारी एसीएमओ डॉ जय गोविन्द ने बताया कि जनपद में खोजे गए हाइड्रोसील और हाथी पांव के मरीजों के इलाज के लिए सभी सीएससी पर मरीजों को चिन्हित कर जिला अस्पताल में हाइड्रोसील आपरेशन कैंप के बारे में सूचित किया जा रहा है | इसके साथ ही हाथी पांव के मरीजों को फाइलेरिया रोग नियंत्रण व साफ-सफाई के लिए निःशुल्क एमएमडीपी (रुग्णता प्रबंधन एवं दिव्यांगता बचाव) किट प्रदान की गईं हैं | जिला फाइलेरिया नियंत्रण इकाई द्वारा सभी रोगियों का निरंतर फालोअप भी किया जा रहा है | आमजन को इस बीमारी के प्रति जागरूक होने की आवश्यकता है, क्योंकि समय रहते हाथीपाँव रोग की जाँच और इलाज होने से जीवन भर के असहनीय दर्द और दिव्यांगता से बचा जा सकता है |
वहीं बॉयोजिस्ट कंचन गुप्ता ने बताया कि हाइड्रोसील का मुफ्त आपरेशन करवाने व मरीजों को निःशुल्क इलाज उपलब्ध करवाने हेतु जिला अस्पताल में एक दिवसीय कैंप लगाया गया और आगे भी इस तरह के कैंप का आयोजन किया जाएगा | उन्होंने हाइड्रोसील से ग्रसित लोगों से अपील किया कि लोग निःसंकोच होकर कैंप में पहुंचे | मन में किसी तरह की भय और भ्रांति न रखें |
“फाइलेरिया उन्मूलन की दिशा में विभाग तत्परता से कार्य कर रहा है | जल्द ही जनपद को फाइलेरिया मुक्त कर लिया जाएगा | जिनको भी हाइड्रोसील या हाथी पांव की समस्या हो, तो वह मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय स्थित जिला फाइलेरिया नियंत्रण इकाई कमरा नंबर 13 में संपर्क कर निःशुल्क इलाज संबंधित पूरी ले सकते हैं |” डॉ आरएस केसरी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी गोंडा |
शिविर के सफल आयोजन में फाइलेरिया निरीक्षक अंकित राणा, धीरेन्द्र प्रताप सिंह, विष्णु प्रजापति व श्रीकिशोर का महत्वपूर्ण योगदान रहा |

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here